Father ने बेटी पर लगाया शराब पीने का आरोप, Teachers ने सरेआम दे डाली खौफनाक सजा

अबुजा: नाइजीरिया के एक इस्लामिक स्कूल (Nigerian Islamic School) में शिक्षकों द्वारा छात्रा को बेरहमी से पीटने का मामला सामने आया है. जिस वक्त टीचर छड़ी से पीड़िता की पिटाई कर रहे थे, लड़की का पिता वहीं मौजूद था. इस घटना का एक वीडियो भी वायरल हुआ है, जिसमें दिखाया गया है कि छात्रा घुटनों के बल बैठी हुई है और चार शिक्षक उस पर छड़ी बरसा रहे हैं. दरअसल, लड़की को ये सजा कथित तौर पर शराब पीने (Drinking Alcohol) के लिए दी गई है. सबसे ज्यादा चौंकाने वाली बात ये है कि उसके पिता ने ही स्कूल से सजा देने का अनुरोध किया था. 

Action में आई सरकार

‘डेली मेल’ की रिपोर्ट के मुताबिक, छात्रा (Student) के पिता ने स्कूल (School) से कहा था कि वो अपने दोस्तों के साथ शराब पी रही थी, इसलिए उसे उपयुक्त सजा दी जानी चाहिए. पिता ने सजा के वक्त वहां उपस्थित रहने की अनुमति भी मांगी थी. इसके बाद बेरहम शिक्षकों (Teachers) ने छात्रा को घेरकर उसकी पिटाई की. वो दर्द से चिल्लाती रही, लेकिन टीचरों का दिल नहीं पसीजा. वीडियो वायरल होने के बाद सरकार ने कार्रवाई करते हुए स्कूल के प्रिंसिपल को निलंबित कर दिया है. 

ये भी पढ़ें -41 साल की टीचर हुई प्रेग्नेंट, पिता है उसका 15 साल का स्टूडेंट; जानें जब हुआ ये खुलासा

School ने दिया ये तर्क

सरकार का कहना है कि मामले की जांच का आदेश दिया गया है. दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई होगी. वहीं, स्कूल ने सजा का बचाव करते हुए कहा है कि इस्लाम में महिलाओं का शराब पीना हराम है. छात्रा ने गुनाह किया था, इसलिए परिजनों की अनुमति से उसे इस्लाम के अनुसार सजा दी गई. स्कूल ने यह भी कहा कि संबंधित स्टूडेंट के पिता ने खुद स्कूल को उसकी हरकतों के बारे में बताते हुए सजा देने की मांग की थी. शिक्षकों ने अपनी मर्जी से सजा नही दी.

सख्त कार्रवाई की मांग

रिपोर्ट में बताया गया है कि लड़की के पिता के हाथ एक वीडियो लगा था, जिसमें वो बर्थडे पार्टी में अन्य दोस्तों के साथ शराब पीती नजर आई थी. हालांकि, छात्राऔर अन्य स्टूडेंट्स ने शराब के सेवन से इनकार किया था. इसके बावजूद आरोपी पिता ने स्कूल से अपनी बेटी को सजा देने को कहा. पिटाई का वीडियो वायरल होने के बाद लोग गुस्से में हैं. उनका कहना है कि मोरल पोलिसिंग के लिए स्कूल प्रशासन और आरोपी शिक्षकों के खिलाफ सख्त से सख्त कार्रवाई होनी चाहिए.